सुकून गिरवी है उसके पास मोहब्बत क़र्ज़ ली थी जिससे...
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दर्द सिर का हो या दिल का, दोनों बहुत बुरे होते है.
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रिश्ते पेडो की तरह होते है....उन्हे सवारों तो,,"बुढ़ापे" में छाँव देते है ॥
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Msg तो दूर की बात है मेरी जान, तुझे कभी मेरे नाम का Notification भी नहीं आयेगा |?
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साईकिल और जिंदगी तभी बेहतर चल सकती है, जब 'चैन' हो.. ?
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एक अजीब सी बस्ती में ठिकाना है मेरा जहाँ लोग मिलते कम, झाँकते ज्यादा है..!
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सजा तो मुझे मिलनी ही थी मोहब्बत में, मैंने भी तो कई दिल तोड़े थे तुझे पाने के लिए.??
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रेल की खिड़कीयां तो खोल दी थी हमने मगर रात थी जब तुम्हारा शहर आया था....!
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टूटी चीज़े हमेशा परेशान करती है, जैसे दिल, नींद, भरोसा और सबसे ज्यादा किसी से उम्मीद..
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सफाईया देनी छोड़ दी मैंने सीधी सी बात है, बहुत बुरे है हम..??
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वो जान गया हमें दर्द में भी मुस्कुराने की आदत है; इसलिए वो रोज़ नया दुःख देता है मेरी ख़ुशी के लिए।
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सोचता रहा ये रातभर करवट बदल बदल कर, जानें वो क्यों बदल गया, मुझको इतना बदल कर..!!?
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मिले तो हजारो लोग थे जिंदगी में, मगर वो सबसे अलग था जो किस्मत में नही था।
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ज़िंदगी ने रुलाया भी उनको ... जो हँसते हुए बहुत अच्छे लगते है !
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मुद्दतें हो गईं हैं चुप रहते , कोई सुनता तो हम भी कुछ कहते
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इश्क़ की पतंगे उड़ाना छोड़ दी हमने वरना, हर हसीना की छत पर हमारे ही धागे हुआ करते थे।?
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वो भी फुरसत में बैठकर �..कसर सोचती तो होगीं.. कि कितनी सीद्दत से मोहब्बत करता था कोई....?
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महानता कभी ना गिरने में नहीं है, बल्कि हर बार गिरकर उठ जाने में है
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काश ये दिल बेजान होता…न किसी के आने से धडकता…न किसी के जाने से तडपता…!
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बाहर से शांत दिखने के लिये अंदर से बहुत लड़ना पडता है |?
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याद रखना , सपना तुम्हारे है, तो पूरा भी तुम ही करोगे .! न ही हालात तुम्हारे हिसाब से होंगे और न लोग
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मेरे बस में नहीं अब हाल-ए-दिल बयां करना बस यह समझ लो लफ्ज़ कम मोहब्बत ज्यादा है
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दिलों की बात करता है, जमाना, पर मोहब्बत आज भी, चेहरे से शुरू होती है |?
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खुद की पहचान बनाने में जो मजा है, वो किसी की परछाई बनने में नहीं।?
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आखिर तूने मेरी जिन्दगी को अधूरा कर दिया…वाह रे मोहब्बत?तूने अपना काम पूरा कर दिया?…!!
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मैं दिसंबर और तू जनवरी रिश्ता काफ़ी नज़दीक का और अंतर साल भर का |
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समझ जाते वो अगर हमारी चाहत को, तो हम उनसे नहीं वो हमसे मोहब्बत करते.
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कोन कहता है कि आसुयो मे वजन नहीं होता , एक भी छलक जाता है तो मन हल्का हो जाता है ...
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हम तो मोहबत के नाम से भी अनजान थे, एक शख्स की चाहत ने पागल बना दिया ❤️?
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नुक्स निकालते है वो इस कदर हम मे , जैसे उन्हे खुदा चाहिए था और हम इंसान निकले ?
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