तू इश्क?की दूसरी निशानी देदे मुझको,आँसू?तो रोज गिर के सूख जाते हैं..!!
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27
बहुत दर्द देती है वो सजा, जो बिना खता के मिली हो।
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14
हमने तो अल्फ़ाजों में अपना दर्द सुनाया था उन्हें, मगर वो शायरी समझ कर, मुस्कुरा कर चले गए।
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12
उसकी जीत के लिए उससे हार जाना , कमाल है ये एक तरफ़ा इश्क़ निभाना !
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8
कहीं बाजार में मिल जाये तो लेते आना…वो चीज़ जिसे दिल?का सुकून कहते हैं…!!
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19
कतरा कतरा तुझे चुनते रहे कतरा कतरा खुद बिखर गये
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16
तरस गए हैं तेरे मुँह से कुछ सुनने को हम, प्यार की बात न सही कोई शिकायत ही कर दे..।।?
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13
एक तरफा रहीं हमेशा मोहब्बत मेरी..किसी से खयालात न मिले, किसी से हालात न मिले...! ?
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19
बेहद हँसने वाले हम लोग, अक्सर अपने लिये दुआओं में मौत माँगते हैं. ??
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53
तुझे जबसे खोया है तबसे कुछ पाने की ख्वाहिश ही नहीं रही.
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7
मैं भी तलाश में हूँ, अब किसी अपने की..कोई आप सा तो हो, लेकिन किसी और का ना हो..
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135
कौन पूछता है पिंजरे में बंद परिंदों को, साहब याद वही आते है जो उड़ जाते है !!?️?️
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6
सारी दुनिया के रूठ जाने से मुझे कोई दुख नहीं , बस एक तेरा खामोश रहना मुझे तकलीफ देता है
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22
शुक्रिया तुमने एक हस्ते हुए चेहरे को खामोश कर दिए
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11
होने तो दो जरा उनको भी तन्हा, फिर देखना याद हम भी बेहिसाब आएंगे |
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19
बहुत भरोसे टूटे...लेकिन भरोसे की, आदत नहीं गई..!!
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13
खफा रहने का शौक भी पूरा कर लो तुम, लगता है तुम्हे हम ज़िंदा अच्छे नहीं लगते। ?
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34
तुझे हक है अपनी दुनिया ? में खुश रहने का, मेरा क्या है? मेरी तो दुनिया ही अधूरी ? है।
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36
रूठना भी छोड़ दिया है अब मैंने, उम्मीद नहीं कोई मनाने भी आयेगा।
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5
शिकायतें नहीं करनी बस इतना सुन लो,,! मैं खामोश हूँ और वजह तुम हो,,! ??
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36
जिनकी हँसी खुबसूरत होती है, उनके 'ज़ख्म' काफी गहरे होते है ।
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56
माना कि तुझसे दूरियां कुछ ज्यादा ही बढ़ गई हैं, पर तेरे हिस्से का वक़्त आज भी तन्हा गुजरता है |??
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21
मिल ही जाएगा कोई ना कोई टूट के चाहने वाला,अब शहर का शहर तो बेवफा हो नहीं सकता| ?
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16
सीख जाओ वक्त पर किसी की चाहत की कदर करना, कहीं कोई थक ना जाये तुम्हें एहसास दिलाते दिलाते ?
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29
तकलीफ़ खुद ही कम हो गई, जब अपनों से उम्मीदें कम हो गई…??
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63
सिनेमा नहीं हकीकत है जिंदगी, जाने बाले पलटकर नहीं देखा करते.!!
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मोहब्बत तो सिर्फ मुझे हुई थी, उसे तो तरस आया था मुझ पर।
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11
कैसा अजीब खेल है मोहब्बत का जनाब, एक थक जाए तो दोनों हार जाते हैं |
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5
कोई नहीं था दिल में उसके सिवा, फिर भी उसने तोड़ कर देखा.
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5
कैसे करूँ मैं साबित..कि तुम याद बहुत आते हो, एहसास तुम समझते नही और अदाएं हमे आती नहीं...??
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