बेशक तू बदल ले अपनी मौहब्बत लेकिन ये याद रखना,, तेरे हर झूठ को सच मेरे सिवा कोई नही समझ सकता!!
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125
मुझे तुमसे सिर्फ ये कहना है मुझे तेरी बाँहों में हमेशा रहना है
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53
बड़ा नौकर बनने से अच्छा ...छोटा मालिक बन जाओ ... खुश रहोगे
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किसी से नाराजगी इतने वक्त?️तक ना रखो कि वह तुम्हारे बगैर ही जीना सीख जाए…!!?
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22
मंजिले कितनी भी ऊंची हो रास्ते हमेशा पैरों के नीचे होते हैं |
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63
इरादे साफ़ है, तभी तोह लोग खिलाफ है.??
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102
सिर्फ तेरे दीदार के लिये आते हैं तेरी गलियों में, वरना आवारगी के लिये तो पूरा शहर पड़ा है !!"
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12
शराफत का जमाना ही नहीं रहा साहिब, किसी को इज्ज़त दो तो वो कमज़ोर समझ लेता है !!✔️✔️
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जिस दिल में तेरा नाम बसा था हमने वो दिल तोड़ दिया ना होने दिया बदनाम तुझे तेरा नाम ही लेना छोड़ दिया
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445
आरज़ू होनी चाहिए किसी को याद करने की, लम्हें तो अपने आप ही मिल जाते हैं।
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44
जीतने वाले अलग चीजें नहीं करते, वो चीजों को अलग तरह से करते हैं
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114
शोर करने वाले अगर खामोश हो जाये, तो उनकी ख़ामोशी से सुकून नहीं खौफ आता है ❤️?
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75
ए खुदा अगर तेरे पेन की श्याही खत्म है..तो मेरा लहू लेले....यू कहानिया अधूरी न लिखा कर।
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623
प्रेम हो तो राधा कृष्ण जैसा भले ही साथ ना हुए मगर नाम आज भी साथ लिया जाता है..!!
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71
तेरे दिल के बाजार में मै रोज़ बिकती हुं , कुछ लफ्ज़ तेरी यादों के हर रोज़ लिखती हुं
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27
वो जान गया हमें दर्द में भी मुस्कुराने की आदत है; इसलिए वो रोज़ नया दुःख देता है मेरी ख़ुशी के लिए।
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25
नाम बनाने के लिए दिल ❤️ से नहीं दिमाग ? से चलना पड़ता हैं..!
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हम अपना Attitude तो वक्त आने पर दिखाएंगे, शहर तू खरीद उस पर राज़ करके हम दिखाएंगे।?
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मुझे छोड़ने की वजह तो बता देते मुझसे नाराज़ थे या मुझ जैसे हज़ार थे
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क़ोई ज़ुदा हो तो ऐसे ना हो, कि लौटने का भ्रम रह जाये
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36
यहाँ तो खुद से ही मिले जमाना हो गया ... और लोग कहते है कि हमें भूल गये हो तुम ...
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42
मेरा दिल सिर्फ तुम्हारे लिए धड़कता है
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इंतज़ार चाहे कितना भी लंबा हो, बस एक तरफा ना हो !❤️
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साथ साथ धूमते है, हम दोनो रात भर..! लोग मुझे आवारा, और उसे चाँद कहते है..!
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27
कभी किसी की इतनी परवाह मत करो.. की वो,बेपरवाह हो जाए..
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93
तुझे जबसे खोया है तबसे कुछ पाने की ख्वाहिश ही नहीं रही.
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7
सोचता रहा ये रातभर करवट बदल बदल कर, जानें वो क्यों बदल गया, मुझको इतना बदल कर..!!?
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27
कुछ भी झूठ हो सकता है, मगर अकेले में बहाए आँसू नहीं.
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37
क्या नाम दूँ मैं अपनी मोहब्बत को, कि ये तेरा सिवा किसी और से होती ही नहीं..!!?
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कुछ पाने के लिए कुछ खोना नहीं..कुछ करना पड़ता है
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