गिरगिट की आखिरी जुबान “में आजकल रंग बदलने में लोगों का मुकाबला नहीं कर पा रही हूं
Copy
72
कोई चाहिए जो कहे, तुम कामयाब हो जाओ रिश्ता में खुद ले कर आऊँगी। ?❤️
Copy
42
हजारों ने दिल हारे है तेरी सूरत देखकर, कौन कहता है तस्वीर जुआँ नही खेलती..??
Copy
89
शराफत की दुनिया का किस्सा खतम, अब जैसी दुनिया वैसे हम |
Copy
160
सफल होने के 3 नियम खुद से वादा, मेहनत ज्यादा और मजबूत इरादा | ?
Copy
64
खुलकर उड़ने का शौक तो हमें भी है, साहब मगर घर की जिम्मेदारियों ने बाँध रखा है |
Copy
49
टूट सा गया है मेरी चाहत का वजूद ,अब कोई अच्छा भी लगे तो हम इज़हार नहीं करते?
Copy
46
जानते हो मोहब्बत किसे कहते हैं किसी को दिल से चाहना उसे हार जाना और फिर खामोश रहना
Copy
44
उसूलों पे चलना एक मेहेंगा शौक है, जो हर दो टके के इंसान के बस की बात नही..! ?
Copy
21
दर्द जब हद से ज्यादा बढ़ जाए , तो वो ख़ामोशी का रूप ले लेता है
Copy
95
जब तेरी याद आती है ना आँखे तोह मान जाती है पर यह कम्बख्त दिल रो पड़ता है
Copy
88
ख़ामोशी से भी नेक काम होते हैं, मैंने देखा है पेड़ों को छाँव देते हुए.
Copy
209
कभी अकेले रह कर देखना, लफ़्जों से ज्यादा आँसू निकलते हैं.
Copy
34
कोई तेरे साथ नहीं तो भी गम ? ना कर, खुद से बढ़कर दुनियां में, कोई हमसफर नहीं होता! ?
Copy
95
कुछ लोगो की सेल्फी देखकर लगता हैं कि उनके फोन में फ्रंट कैमरे की जगह पिस्तौल होनी चाहिए थी
Copy
110
जो इश्क़ दूरियों में भी बरकरार रहे वो, इश्क़ ही कुछ और होता है.
Copy
107
नींद चुराने वाले पुछते है सोते क्यों नहीं, इतनी ही फ़िक्र है तो, फिर हमारे होते क्यों नहीं !?
Copy
42
बेमतलब की ज़िन्दगी का सिलसिला अब ख़त्म, अब जिस तरह की दुनिया उस तरह के हम.?
Copy
95
मैं रूठ जाऊँ तो मना लेना, बातों से बात ना बने तो गले लगा लेना। ❤️ ?
Copy
61
मत पूछिए हद हमारी गुस्ताखियों की हम आईना जमीं पर रखकर आसमां कुचल दिया करते है.?
Copy
63
ज़िन्दगी की राहें तब आसान हो जाती हैं, जब परखने वाला नहीं समझने वाला हमसफर हों !!❤️?
Copy
108
“तुम मेरी ज़िंदगी की वो ख़ुसी हो जिसे मैने अपनी हर दुआ मे मागा है”
Copy
40
बदला भी क्या लूं तुमसे ,,आज भी हंसते हुए अच्छे लगते हो ।
Copy
29
किसी और की क्या तारीफ करना, जब मेरा हमसफर ही लाजबाव हैं.
Copy
193
जिन्हें पता होता हैं। की अकेलापन क्या होता हैं । ऐसे लोग दुसरो के लिए । हमेशा हाज़िर रहते हैं ।
Copy
35
उँगलियाँ यूँ न सब पर उठाया करो, खर्च करने से पहले कमाया करो, ज़िन्दगी क्या है खुद ही समझ जाओगे, बारिशों में पतंगें उड़ाया करो | ❤️?
Copy
84
चाहने वाले लाखों मिलेंगे तुम्हें, मगर परवाह करने वाला हर कोई नहीं होता |?❤️
Copy
148
सोच समझ कर बात कर छोटे हालत बुरे हैं हमारा, दिमाग नहीं |?
Copy
49
हम तो चाहते है कि लोग हमसे नफरत करें मोहब्बत भी तो लोग कौन सी सच्ची करते है |?
Copy
117
तुम्हारे लिए मिट जाने का इरादा था, तुम खुद ही मिटा दोगे सोचा ना था.
Copy
9