जो “दोगे” वही लौट कर आएगा, चाहे वह “इज्जत” हो या “धोखा”..?
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मैं ख़ुशी तलाश कर रहा था और मुझे तुम मिल गए |
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भुला दूंगा तुझे ज़रा सब्र तो कर , तेरी तरह मतलबी बनने में थोड़ा वक़्त तो लगेगा ही।
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प्रभु कहते है तुम किसी का कुछ मत बिगाड़ना , मैं तुम्हरा कुछ भी बिगड़ने नही दूंगा
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क़ोई ज़ुदा हो तो ऐसे ना हो, कि लौटने का भ्रम रह जाये
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याद करोगे एक दिन मुझे ये सोच कर की क्यों नहीं कदर की मैंने उसके प्यार की
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माना मौसम भी बदलते हैं मगर धीरे धीरे..*तेरे बदलने की रफ़्तार से तो हवाएं भी हैरान हैं...!!??
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मेरी आत्मकथा.... सिर्फ तुम्हारी कहानी है....
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सच्चा प्यार किसी भूत की तरह होता है, बातें तो सब करते हैं दिखा किसी ने नहीं .
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जिसे सोचकर ही चेहरे पर ख़ुशी आ जाए वो खूबसूरत एहसास हो तुम.
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बहुत नाराज़ थे तो रो पडे, अपनों से क्या ही शिकायत करते |?
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ज़िन्दगी से यही सीखा है मेहनत करो रुकना नहीं हालत कैसे भी हो किसी के सामने झुकना नहीं
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मेरी जिंदगी मे खुशियाँ तेरे बहाने से है , आधी तुझे सताने से है आधी तुझे मनाने से है
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देने के बदले लेना तो बिमारी है | और जो देकर भी कुछ ना ले वही तो बांके बिहारी है | राधे राधे
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तुम एक कदम मेरी तरफ बढ़ा के तो देखो, ज़िन्दगी भर साथ ना चलु तो कहना।
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तुम चाहते तो निभा भी सकते थे, मगर तुमने ऐसा कभी चाहा ही नहीं.
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जिंदगी अपनी है तो,? अंदाज भी अपना ही होगा?
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233
न कोई चेला न कोई मेला, मन मिले तो मिल जाओ मुझसे , वरना शिव भक्त चले अकेला || बम बम भोले ||
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235
महोबत आगर चेहरे से होती तो खुदा दिल न बनाता |
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तुम सिखाओ अपने दोस्तों को हथियार चलाना हमारे दोस्त तोह पहले से ही बारूद है
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हम खुद से बिछड़े हुये लोग हैं, तुमसे क्या मिल पायेंगे |
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बहुत दर्द छुपा है सीने में पर अलग ही मज़ा है दूसरों के सामने हस के जीने में ❤️?
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कभी बेपनाह बरस पड़ी कभी गुम सी है, यह बारिश भी कुछ कुछ तुम सी है.
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लोग कहते है के जब कोई अपना दूर चला जाए तो तकलीफ होती है, परन्तु असली तकलीफ तोह तब होती है जब कोई अपना , पास होकर भी दूरियां बना ले !
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जब मोहब्बत बे-पनाह हो जाये ना.. तोह फिर पनाह कही नही मिलती
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जितना तुझे किसी ने चाहा भी न होगा उतना तो मैंने सिर्फ तुझे याद किया है
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क्यों सवरू मैं किसी के लिए, जब बिखरी झुलफो में तुम मुझे ख़ूबसूरत कह देते हो ❤
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रोज रोते रोज़ ये कहती है जिंदगी मुझसे, सिर्फ एक शख्स की खातिर यूँ मुझे बर्बाद ना कर।
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खिलाड़ी अगर टक्कर का हों, तभी खेलने में मज़ा आता है |??
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तू इश्क?की दूसरी निशानी देदे मुझको,आँसू?तो रोज गिर के सूख जाते हैं..!!
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