मेरी बदमाशी का अंदाज़ा इससे लगाओ जब मैं ? शरीफ था तब भी लोग मुझे बदमाश ही कहते थे। ?
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नब्ज तो चल रही है आज भी मेरी पर, वो हकीम कहता है, मैं मर चुका हूं मोहब्बत में !
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कौनसा अंदाज़ है ये?तेरी महोब्ब्त का?, ज़रा हमको भी समझा दे…मरने से भी रोकते हो, और जीने भी नहीं देते..!!
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उसकी जीत के लिए उससे हार जाना , कमाल है ये एक तरफ़ा इश्क़ निभाना !
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रिश्ते और पतंग जितनी उँचाई पर होते हैं काटने वालो की संख्या उतनी अधिक होती हैं?
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हमने तो एक ही शख्स पर चाहत खत्म कर दी अब मोहब्बत किसे कहते हैं हमे मालूम नहीं
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उसके बदलने का कोई दुःख नहीं, बस अपने ऐतबार पर शर्मिंदा हूं
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इंसान हो तो सच्चे रहो बाकी,,, झूठे तो बर्तन भी होते है ?
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गर्लफ्रेंड: तुम्हारा दिमाग एकदम सड़ गया है। पप्पू: हां, शायद तुम्हें ज्यादा पता है। रोज-रोज खाती जो रहती हो।
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91
कमाल की निशानेबाज हो तुम, तिरछी नजर से भी सीधा दिल पे वार करती हो।।??
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कल थे मिले,फिर क्यों लगे ऐसे… तुमसे मिले अरसा हुआ जैसे…
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दिल धोखे में है और धोखेबाज़ दिल में
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कोई केह दे उन्हें , अपनी ख़ास हिफाजत किया करे ,, बेशक साँसे उनकी हे , पर जान तो मेरी हे
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मायने खो देते हैं वो जवाब, जो वक्त पर नहीं मिलते !!
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किसीने क्या खूब कहाँ हैं, मोहब्बत नहीं यादें रुलाती हैं..!?
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मत किया कर ऐ दिल किसी से मोहब्बत इतनी , जो लोग बात नहीं करते वो प्यार क्या करेंगे. ..!
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116
तुम जिन्दगी में आ तो गये हो मगर ख्याल रखना, हम ‘जान’ दे देते हैं, मगर ‘जाने’ नहीं देते !!
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40
लाख साजिश करलो, हम कहकर हराने वालो में से हैं.!!
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काश तू सिर्फ मेरे होता या फिर मिला ही ना होता
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कुछ लोगो को कितना भी अपने बनाने की कोशिश कर लो वो साबित कर देते है कि वो गैर ही है |
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काश वो भी आकर हम से कह दे , मैं भी तन्हाँ हूँ , तेरे बिन, तेरी तरह , तेरी कसम , तेरे लिए...!!
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19
थोड़ा और बताओ ना मुझे मेरे बारे में, सुना है बहुत अच्छे से जानते हो तुम मुझे ।।?
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मुझे रिश्तों की लम्बी कतारों से क्या मतलब? कोई दिल से हो मेरा तो एक शख्स ही काफी है।?❤️
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क्यों लगता है वो आसपास है जिसका दूर तक कोई सुराग नहीं।
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34
हर एक चीज में खूबसूरती होती है, लेकिन हर कोई उसे नहीं देख पाता
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जो इश्क़ दूरियों में भी बरकरार रहे वो, इश्क़ ही कुछ और होता है.
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मुझे छोड़ने की वजह तो बता देते मुझसे नाराज़ थे या मुझ जैसे हज़ार थे
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कोई रूह का तलबगार मिले तो हम भी महोब्बत कर ले… यहाँ दिल तो बहुत मिलते है,बस कोई दिल से नहीं मिलता
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कहा ना,सुकून मिलता है जब-जब तुम्हें सोचते हैं
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होने दो जरा उन को भी तनहा.... याद हम भी उन्हें बेहिसाब आएंगे..
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